Sunday, May 26, 2024

बस तुम अच्छे लगते हो अब क्यों लगते हो क्या बोलूँ

बस तुम अच्छे लगते हो अब क्यों लगते हो क्या बोलूँ
मेरे भीतर रहते हो अब क्यों रहते हो क्या बोलूँ

वक्त मिले तो तुम सोचो कि क्या लगता हूँ मै तेरा
तुम तो मेरे लगते हो अब क्यों लगते हो क्या बोलूँ

कैसे दूर करोगे मुझको जबकि मेरे अन्दर तुम
हरदम चलते रहते हो अब क्यों चलते हो क्या बोलूँ

जैसे तुमको देखूं वैसे और किसी को देखूं तो
साथी तुम भी जलते हो अब क्यों जलते हो क्या बोलूँ

मना करूं कि मत काटो नाखून दांत से ए भावुक
फिर भी ऐसा करते हो अब क्यों करते हो क्या बोलूँ

टटका टटका

इहों पढ़ल जाव